कमांडर
Mahakal नगरी उज्जैन पानी के नीचे
महाकालेश्वर ज्योतिर्लिंग मंदिर नगरी उज्जैन (in M.P. मध्यप्रदेश, India) पानी के नीचे ।
G
कमांडर
Cheated public का क्या आता जाता कौन fucking Nazi बेनचुत* मादारचुत* बेटीचूद* कौन सा fucking Nazi party का fucking "कमांडर" होता है ? क्योंकि सच तो यह है कि ALL fucking Nazi parties are SECRET PARTNERS jointly involved in crimes against the cheated human race. But the game is up, fucking Nazis. (*** इतना अश्लील, मैं तो सोच भी नहीं सकता ...)
G
शुष्कं काष्ठं तिष्ठति अग्रे
“शुष्कं काष्ठं तिष्ठति अग्रे” [cacophonous words]
यानी [यानि; योनि नहीं]
“नीरस तरुवर पुरत: भाति” [euphonious]
विक्रमादित्य के दरबार में महाकवि कालीदास को अधिक सम्मान मिलता था । जब विद्वानों ने पूछा महाराज यह भेद क्यों? तो महाराज ने सभी विद्वानों और कवियों की सभा बुलाई और भवन के सम्मुख द्वार पर एक सूखे पेड [पेड़] का विशाल तना डाल दिया और कहा कि सभी विद्वान और कवि आते हुए बतायेंगे कि यह क्या है ।
सभी इस सधारण [साधारण] से [सा] प्रश्न को सुन कर सोचने लगे कि यह कैसी परीक्षा है, सब सम्राट जानते हैं कि एक भारी सूखा काठ सामने पडा [पड़ा] है ।
एक प्रमुख कवि ने कहा कि “शुष्कं काष्ठं तिष्ठति अग्रे” यानी [यानि, not योनि] सूखा काठ आगे पडा [पड़ा] है । आते हुए सभी कवि-विद्वानों ने कुछ इसी तरह ही इसे बयान किया ।
जब महाकवि कालीदास की बारी आई तो वे तने के सामने कुछ देर तक खडे [खड़े] देखते रहे और बोले कि महाराज “नीरस तरुवर पुरत: भाति” अर्थात् एक तरुओं में श्रेष्ठ तरु जो कभी शाखाओं से, हरे पत्तों से, कलियों से और कोकिल कुन्जन से भर्पूर था
आज नीरस हो कर सामने शोभायमान है ।
- Shiv Kumar's blog (Google source)
G
Comments
Post a Comment